नई GST रेट से बदले सोना-चांदी के दाम, देखें आपके शहर का भाव | Gold Silver Price Today

GST दरों में क्या बदलाव हुआ?
पहले सोना और चांदी पर 3% GST लागू था, लेकिन नए नियमों के तहत सरकार ने इसमें थोड़ा परिवर्तन किया है। अब सोना-चांदी के दाम में मेकिंग चार्ज पर भी GST लगाया जाएगा।
इसका सीधा मतलब है कि यदि आप कोई आभूषण खरीदते हैं तो आपको सोने की शुद्ध कीमत + मेकिंग चार्ज + GST तीनों मिलाकर चुकाने होंगे। यही वजह है कि अब अलग-अलग शहरों में सोना-चांदी की कीमतों में अंतर देखा जा रहा है।
सोने के दाम पर असर
नई GST दर लागू होने के बाद सोने की कीमतों में औसतन ₹200 से ₹400 प्रति 10 ग्राम तक का फर्क देखने को मिला है। हालांकि, यह बदलाव शहर और ज्वेलरी शॉप की पॉलिसी के हिसाब से अलग-अलग हो सकता है।
उदाहरण के लिए:
दिल्ली और मुंबई में सोना पहले से महंगा है, और नई GST दर के चलते यहाँ दाम में और बढ़ोतरी हुई है।
छोटे शहरों में यह बढ़ोतरी थोड़ी कम है क्योंकि वहाँ मेकिंग चार्ज भी अपेक्षाकृत कम होते हैं।
चांदी के दाम पर असर
सोने की तुलना में चांदी का रेट अपेक्षाकृत कम होता है, लेकिन नई GST दर का असर यहां भी दिखाई दिया है।
चांदी के दाम में ₹1 से ₹2 प्रति ग्राम तक का इजाफा हुआ है।
यदि कोई व्यक्ति 1 किलो चांदी खरीदता है तो उसे अब ₹1,000 से ₹1,500 तक अतिरिक्त भुगतान करना पड़ सकता है।
आपके शहर का सोना-चांदी का भाव (उदाहरण)
(नोट: भाव समय-समय पर बदलते रहते हैं, यह केवल सामान्य जानकारी के लिए है।)
दिल्ली – सोना ₹63,500/10 ग्राम, चांदी ₹76,800/किलो
मुंबई – सोना ₹63,400/10 ग्राम, चांदी ₹76,500/किलो
कोलकाता – सोना ₹63,600/10 ग्राम, चांदी ₹77,000/किलो
चेन्नई – सोना ₹63,800/10 ग्राम, चांदी ₹77,200/किलो
जयपुर/लखनऊ/पटना – सोना ₹63,200–63,500/10 ग्राम, चांदी ₹76,400–76,900/किलो
निवेशकों के लिए बड़ा संकेत
नई GST दरों के बाद निवेशकों के सामने अब यह सवाल है कि क्या सोने-चांदी में निवेश करना सही रहेगा या नहीं?
विशेषज्ञों की राय:
लंबी अवधि में सोना अब भी Safe Haven Asset है।
महंगाई और आर्थिक अस्थिरता के समय सोने का महत्व और बढ़ जाता है।
चांदी इंडस्ट्रियल मेटल भी है, इसलिए इसकी मांग आगे और बढ़ सकती है।
सोना-चांदी की खरीदारी पर टैक्स का बोझ
नई GST दरों के कारण अब ग्राहकों को सोना-चांदी खरीदते समय थोड़ी अतिरिक्त रकम खर्च करनी होगी।
मेकिंग चार्ज पर भी 3% GST – पहले सिर्फ गोल्ड वैल्यू पर लगता था।
बिलिंग ट्रांसपेरेंसी – अब ज्वेलर्स को साफ-साफ बिल देना होगा जिसमें मेकिंग चार्ज और टैक्स अलग-अलग दिखाए जाएंगे।
कुल लागत – 10 ग्राम सोने के आभूषण पर अब ग्राहक को औसतन ₹1,500–₹2,000 ज्यादा देना पड़ सकता है।
उपभोक्ताओं को क्या करना चाहिए?
1. खरीदारी से पहले रेट चेक करें – अपने शहर के भाव और मेकिंग चार्ज की तुलना जरूर करें।
2. बिलिंग पर जोर दें – हमेशा ऑथेंटिक बिल लें जिसमें GST स्पष्ट हो।
3. 22 कैरेट या 24 कैरेट की जानकारी लें – आभूषण खरीदते समय शुद्धता का ध्यान रखें।
4. डिजिटल गोल्ड का विकल्प – यदि फिजिकल गोल्ड महंगा लग रहा है तो डिजिटल गोल्ड, गोल्ड ETF या सोवरेन गोल्ड बॉन्ड चुनें।
लंबी अवधि के निवेश पर असर
नई GST दरों का असर अल्पकालिक है। लंबे समय में सोने-चांदी की कीमतें अंतरराष्ट्रीय बाजार और मांग-आपूर्ति पर निर्भर करती हैं।
सोना – महंगाई, डॉलर इंडेक्स और ग्लोबल पॉलिटिक्स से प्रभावित।
चांदी – इंडस्ट्रियल डिमांड, खासकर सोलर एनर्जी और इलेक्ट्रिक व्हीकल इंडस्ट्री से जुड़ी है।
इसलिए निवेशक यदि 5–10 साल के नजरिए से खरीदारी कर रहे हैं, तो यह टैक्स बदलाव उनके लिए बहुत बड़ा फर्क नहीं डालेगा।
विशेषज्ञों की राय
फाइनेंशियल एडवाइजर्स मानते हैं कि नई GST दरें पारदर्शिता लाने के लिए लागू की गई हैं। इससे ग्राहकों को यह फायदा होगा कि उन्हें सही बिल मिलेगा और काले धन जैसी समस्याओं में कमी आएगी।
निष्कर्ष
नई GST दरों के चलते सोना-चांदी की कीमतों में हल्की बढ़ोतरी हुई है। हालांकि, यह बदलाव ग्राहकों पर बहुत बड़ा बोझ नहीं डालता, लेकिन आभूषण खरीदने वालों को अब थोड़ी अतिरिक्त राशि खर्च करनी होगी। Gold Silver Price Today में लगातार बदलाव होता रहता है, इसलिए खरीदारी से पहले अपने शहर का भाव जरूर चेक करें। यदि आप निवेश के नजरिए से सोना-चांदी खरीद रहे हैं, तो यह अब भी एक सुरक्षित और लंबे समय के लिए लाभदायक विकल्प है।

