पहली गेंद पर आउट हो जाओ तो भी चलेगा… अभिषेक शर्मा को कोच और कप्तान से मिला फुल सपोर्ट
भारतीय क्रिकेट इन दिनों नई ऊँचाइयों को छू रहा है और इसके पीछे बड़ी वजह है टीम मैनेजमेंट का युवा खिलाड़ियों को भरपूर मौका देना। आज के समय में टीम इंडिया के पास युवा और अनुभवी खिलाड़ियों का शानदार मिश्रण है। इसी कड़ी में सबसे चर्चित नाम उभरकर सामने आया है अभिषेक शर्मा का। हाल ही में कप्तान और कोच ने उनके बारे में ऐसा बयान दिया है जिसने इस युवा बल्लेबाज के आत्मविश्वास को कई गुना बढ़ा दिया है। उन्होंने कहा कि अगर अभिषेक शर्मा पहली गेंद पर आउट भी हो जाएं, तो भी टीम मैनेजमेंट को कोई आपत्ति नहीं है।
यह बयान न सिर्फ उनके प्रति टीम का भरोसा दर्शाता है बल्कि यह भी साबित करता है कि भारतीय क्रिकेट अब आक्रामक और fearless खेलने की दिशा में बढ़ रहा है।

कोच और कप्तान का अभिषेक शर्मा पर भरोसा
किसी भी युवा खिलाड़ी के करियर में सबसे बड़ी चुनौती होती है टीम में खुद को साबित करना। अक्सर शुरुआत में गलतियां हो जाती हैं और खिलाड़ी दबाव में आ जाते हैं। लेकिन अगर कोच और कप्तान खुलकर सपोर्ट करें तो खिलाड़ी अपनी पूरी क्षमता के साथ खेल सकता है। यही स्थिति अभिषेक शर्मा के साथ देखने को मिल रही है।
टीम इंडिया के कप्तान और कोच ने साफ किया है कि वह चाहते हैं कि अभिषेक अपने नैचुरल अंदाज़ में खेलें। अगर वह पहली गेंद पर बड़ा शॉट लगाने की कोशिश में आउट हो जाते हैं तो भी कोई दिक्कत नहीं है। उनका मानना है कि टीम को ऐसे खिलाड़ियों की ज़रूरत है जो पावरप्ले का पूरा फायदा उठाकर विपक्षी टीम पर शुरुआत से दबाव बना सकें।
आक्रामक बल्लेबाजी है अभिषेक की पहचान
अभिषेक शर्मा की बल्लेबाजी हमेशा से आक्रामक रही है। चाहे घरेलू क्रिकेट हो या IPL, उन्होंने अपनी पारी की शुरुआत से ही बड़े शॉट लगाने में झिझक दिखाई नहीं है। यही कारण है कि उन्हें टीम इंडिया में ओपनिंग स्लॉट पर आज़माया जा रहा है।
उनकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि वह स्पिन और पेस दोनों गेंदबाजों के खिलाफ सहज होकर खेलते हैं। T20 क्रिकेट में पावरप्ले का फायदा उठाना बेहद ज़रूरी होता है और इसमें अभिषेक का खेल टीम इंडिया के लिए बड़ी ताकत बन सकता है। IPL में उनकी स्ट्राइक रेट और शुरुआती ओवरों में अटैकिंग बल्लेबाजी ने उन्हें खास पहचान दिलाई है।
टीम इंडिया के लिए नई रणनीति का हिस्सा
कप्तान और कोच चाहते हैं कि भारतीय टीम अब हर प्रारूप में आक्रामक क्रिकेट खेले। इंग्लैंड की टीम ने पिछले कुछ वर्षों में टेस्ट और T20 में यही रणनीति अपनाई है और टीम इंडिया भी उसी दिशा में बढ़ रही है। ऐसे में अभिषेक शर्मा जैसे युवा बल्लेबाज टीम की सोच को मजबूत करने में अहम भूमिका निभा सकते हैं।
अगर वह शुरुआत से ही बड़े शॉट खेलते हैं और रन बनाते हैं, तो इससे मिडिल ऑर्डर बल्लेबाजों का दबाव कम होगा। खासकर T20 क्रिकेट में यह रणनीति टीम के लिए मैच जीतने वाली साबित हो सकती है। यही वजह है कि टीम मैनेजमेंट उन्हें ज्यादा से ज्यादा खुलकर खेलने की आज़ादी दे रहा है।
दबाव से मुक्त होकर खेलने की आज़ादी
किसी भी खिलाड़ी के लिए यह जानना बहुत मायने रखता है कि उसके कप्तान और कोच उसके साथ खड़े हैं। जब खिलाड़ी को यह भरोसा मिलता है कि अगर वह असफल भी हो जाए तो भी टीम उसका समर्थन करेगी, तब वह दबाव से मुक्त होकर बेहतर प्रदर्शन कर पाता है।
अभिषेक शर्मा ने भी कहा है कि उन्हें टीम मैनेजमेंट से मिली यह आज़ादी उनके आत्मविश्वास को दोगुना कर रही है। वह चाहते हैं कि हर मैच में टीम को तेज शुरुआत दें और यदि कभी गलत शॉट खेलकर आउट भी हो जाएं तो उन्हें पता है कि टीम उनके साथ है। यह मानसिक मजबूती ही उन्हें लंबे समय तक टीम इंडिया का हिस्सा बना सकती है।
IPL से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट तक का सफर
अभिषेक शर्मा का सफर IPL से शुरू होकर अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट तक पहुंचा है। उन्होंने IPL में अपनी टीम के लिए कई बार शानदार ओपनिंग की है। वहां पर मिली सफलता ने उन्हें भारतीय टीम का हिस्सा बनने का मौका दिया। IPL में उन्होंने जिस तरह से पावरप्ले में रन बनाए, उसने साबित किया कि वह T20 प्रारूप के लिए परफेक्ट ओपनर हो सकते हैं।
अब जब उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मौका मिला है, तो टीम मैनेजमेंट का यह फुल सपोर्ट उनके करियर को और भी मजबूत करेगा। IPL में खेले गए साहसी शॉट्स और मैच जिताने वाली पारियां अब भारतीय टीम में भी देखने को मिल सकती हैं।
टीम इंडिया के लिए भविष्य का सितारा
भारतीय क्रिकेट हमेशा से नए टैलेंट को मौका देने में आगे रहा है। अभी हाल ही में शुभमन गिल, ईशान किशन, तिलक वर्मा जैसे खिलाड़ियों को टीम में जगह मिली और उन्होंने खुद को साबित भी किया। अब बारी है अभिषेक शर्मा की।
उनकी आक्रामक बल्लेबाजी और कप्तान-कोच का फुल सपोर्ट उन्हें भविष्य का सितारा बना सकता है। अगर वह लगातार मौके का फायदा उठाते हैं और अपनी बल्लेबाजी को और निखारते हैं, तो आने वाले समय में वह टीम इंडिया के स्थायी ओपनर बन सकते हैं।
निष्कर्ष
अब यह अभिषेक शर्मा के ऊपर है कि वह इस भरोसे को कैसे भुनाते हैं और टीम इंडिया के लिए बड़े मंच पर खुद को साबित करते हैं। अगर वह अपने नैचुरल अंदाज़ में खेलते रहे, तो निश्चित तौर पर आने वाले वर्षों में वह भारतीय क्रिकेट के बड़े नामों में शामिल होंगे।